जल संचय जन भागीदारी 2.0 के तहत भूजल रिचार्ज को लेकर बैठक, तकनीकी सहयोग पर हुआ मंथन


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर, । जल संचय जन भागीदारी (जेएसजेबी) 2.0 कार्यक्रम के अंतर्गत जनपद में भूजल रिचार्ज को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक मुख्य विकास अधिकारी के निर्देशन में आयोजित हुई, जिसकी अध्यक्षता जनपद में भूजल रिचार्ज के तकनीकी सहयोग हेतु नामित नोडल अधिकारी ने की।
बैठक में केंद्रीय भूजल बोर्ड, लखनऊ से आए साइंटिस्ट-डी जगदम्बा प्रसाद द्वारा भूजल रिचार्ज से जुड़ी विभिन्न तकनीकों की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने रूफ टॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग को प्रभावी बनाने पर जोर देते हुए इसकी डिजाइन एवं ड्राइंग की स्वीकृति भूगर्भ जल विभाग से अनिवार्य रूप से कराने का सुझाव दिया।
बैठक के दौरान विभिन्न विभागों द्वारा जनपद में किए जा रहे भूजल रिचार्ज कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। बताया गया कि शिवालिक क्षेत्र में कच्चा हॉल, स्पूर, एनिकट, वुड चेकडैम, गली प्लग जैसे संरचनात्मक कार्य किए जा रहे हैं। वहीं लघु सिंचाई विभाग द्वारा रूफ टॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग एवं तालाबों के जीर्णोद्धार का कार्य कराया जा रहा है। भूमि संरक्षण विभाग द्वारा बंधी निर्माण, भूमि लेवलिंग एवं खेत तालाबों का निर्माण भी कराया जा रहा है।
तकनीकी अधिकारी द्वारा निर्देश दिए गए कि जनपद में भूजल रिचार्ज से संबंधित विभिन्न विभागों द्वारा किए गए लगभग 10 हजार कार्यों को पोर्टल पर अपडेट किया जाए। इसके साथ ही पूर्व में बनाए गए रिचार्ज स्ट्रक्चरों के मरम्मत एवं रखरखाव संबंधी कार्यों को भी पोर्टल पर दर्ज करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी/परियोजना निदेशक ग्राम्य विकास विभाग प्रणय कृष्ण, सहायक अभियंता विकास प्राधिकरण, अधिशासी अभियंता आवास विकास, क्षेत्रीय वन अधिकारी शिवालिक, सभी खंड विकास अधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक, सहायक अभियंता जल निगम (ग्रामीण/शहरी) सहित जनपद के विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के अंत में अधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ जल संचय और भूजल रिचार्ज के कार्यों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने का आह्वान किया गया।







