अवैध खनन पर लगाम: नकुड़ तहसील में 24 घंटे निगरानी के लिए प्रशासन ने गठित की विशेष टीमें

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शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। नकुड़ तहसील क्षेत्र में अवैध खनन और ओवरलोड परिवहन की लगातार शिकायतों के बीच जिला प्रशासन हरकत में आ गया है। गागलहेड़ी क्षेत्र में डंपर पलटने से हुई सात मौतों ने प्रशासन को और अधिक सतर्क कर दिया है। इसी के चलते दौलतपुर घाट और अपलाना–शाहजहांपुर मार्ग पर 24 घंटे निगरानी के लिए विशेष टीमें तैनात कर दी गई हैं।
जिलाधिकारी कार्यालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार, दोनों स्थानों पर 10–10 टीमें लगाई गई हैं, जो दिन-रात शिफ्ट में ड्यूटी करेंगी। प्रत्येक टीम में दो अमीन और एक सिपाही शामिल रहेगा। ड्यूटी का समय सुबह 7 से रात 7 बजे और रात 7 से अगली सुबह 7 बजे तक निर्धारित किया गया है।
अवैध खनन का अधिकतर परिवहन इन्हीं रास्तों से होने की शिकायतें मिलती रही हैं। ओवरलोड, बिना नंबर की गाड़ियाँ और रात के समय खनन सामग्री की ढुलाई पर प्रशासन पहले भी नजर रखता रहा है, लेकिन कई बार राजनीतिक दबाव के चलते कार्रवाई प्रभावी नहीं हो पाई।
नायब तहसीलदार नेतृत्व करेंगे जांच अभियान
निर्देश के अनुसार नायब तहसीलदार के नेतृत्व में अमीन खनन से जुड़ी गाड़ियों की जांच करेंगे और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना उच्चाधिकारियों को देंगे।
सात मौतों के बाद प्रशासन और सतर्क
गत दिनों गागलहेड़ी के सोना सैय्यद माजरा में ओवरलोड डंपर पलटने से सात लोगों की मौत के बाद जिला प्रशासन अब किसी भी तरह की लापरवाही के मूड में नहीं है। इसी घटना ने प्रशासन को अवैध खनन पर सख्ती बढ़ाने के लिए मजबूर किया।
एडीएम वित्त: अवैध खनन पर होगी सख्त कार्रवाई
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व सलिल कुमार पटेल ने कहा कि खनन क्षेत्र में कर्मचारियों की ड्यूटी रूटीन रूप से लगाई जाती है, लेकिन अब अवैध खनन पर शून्य सहनशीलता नीति के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। टीमों से मिली रिपोर्ट के आधार पर तुरंत दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।प्रशासन की इस सख्ती के बाद स्थानीय क्षेत्र में अवैध खनन पर अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।
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