जिला कारागार में भाइयों के माथे पर तिलक करने को लगी बहनों की लम्बी लाईन
जब बहन ने भाई को किया तिलक, तो भाई ने अपराध छोड़ने की खाई कसम, जिला कारागार में भावनात्मक रहा माहौल


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। जिला कारागार में निरूद्ध बंदियों के माथे में तिलक करने के लिए आज जिला कारागार के मुख्य द्वार पर महिलाओं की भारी भीड़ रही। सुबह से जिला कारागार के मुख्य द्वार पर महिलाओं की लम्बी कतार लगनी शुरू हो गई थी। जिला कारागार प्रशासन द्वारा बहनों को उनके भाइयों के माथे पर तिलके करने के लिए विशेष व्यवस्था की गई थी। भाई-बहन के स्नेह का प्रतीक भैया दूज पर्व जिला कारागार में भावनाओं से भरा रहा। जेल में निरुद्ध कैदियों की बहनों ने नम आँखों से अपने भाइयों के माथे पर तिलक किया और उनके शीघ्र रिहा होने की कामना की। वहीं भाइयों ने भी बहनों के चरण स्पर्श कर अपराध की राह छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटने का संकल्प लिया। जिला कारागार परिसर में सुबह से ही बहनों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। प्रशासन की अनुमति मिलने पर बहनों ने अपने भाइयों के साथ मिलकर तिलक, मिठाई व आरती के साथ पर्व मनाया। इस अवसर पर जेल अधीक्षक सत्य प्रकाश सिंह ने बताया कि भैया दूज पर्व को सकुशल संपन्न कराने के लिए विशेष व्यवस्थाएँ की गई थीं। बहनों ने भावुक होकर कहा कि अगली बार वे यह त्योहार घर पर मनाने की उम्मीद रखती हैं, न कि जेल में। उन्होंने जेल प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं की सराहना भी की। भाई दूज के इस अवसर ने जेल की दीवारों के भीतर भी भाई-बहन के अटूट प्रेम और सुधार की भावना को जीवंत कर दिया। जेल अधीक्षक सत्य प्रकाश सिंह, जेलर प्रशांत उपाध्याय और समस्त जेल स्टाफ के प्रयासों से आयोजन सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।







