संत समागम में पहुंचे सांसद चंद्रशेखर आज़ाद, कहा—“हर कार्यकर्ता बने चंद्रशेखर, समाज के सम्मान से नहीं होगा समझौता”

शहरी चौपाल ब्यूरो फैय्याज अली आब्दी
नानौता। नगर के दिल्ली रोड स्थित एक बैंक्वेट हॉल में संत समागम द्वारा ‘बेगमपुरा संदेश’ कार्यक्रम का आयोजन सतगुरु स्वामी रामदास जी की अध्यक्षता में किया गया। कार्यक्रम में नगीना सांसद एवं आज़ाद समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रशेखर आज़ाद मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।

कार्यक्रम को डॉ. बृजपाल सिंह, विनय रत्न और कमल वालिया ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर सांसद चंद्रशेखर आज़ाद ने कार्यकर्ताओं को अनुशासन का पाठ पढ़ाते हुए कहा कि आने वाले समय में यदि समाज ने उन्हें अवसर दिया, तो वे समाज के सम्मान और स्वाभिमान से कभी समझौता नहीं करेंगे। उन्होंने पंचायत चुनावों को लेकर कार्यकर्ताओं से कहा कि “प्रत्येक कार्यकर्ता चंद्रशेखर बनकर काम करे, ताकि प्रदेश में अधिक से अधिक जिला पंचायत अध्यक्ष बनाए जा सकें।”
अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि उनके जीवन पर हुए हमले समाज की आवाज़ को दबाने की कोशिश थी। “वे मेरी हत्या करने नहीं आए थे, बल्कि वे उस सोच के हत्यारे हैं जो समाज की आवाज़ बनना चाहती है,” उन्होंने कहा। सांसद ने कैराना सांसद पर की गई अभद्र टिप्पणी और सीजिआई पर हुए हमले की कड़े शब्दों में निंदा की।
उन्होंने उत्तर प्रदेश में मुसलमानों पर हो रहे हमलों को नाजायज़ ठहराते हुए फंदपुरी चौकी क्षेत्र में हुए हामिद अली हत्याकांड का उल्लेख किया और बुलडोज़र नीति की आलोचना की।
इस दौरान आयोजकों ने सांसद चंद्रशेखर आज़ाद का पगड़ी पहनाकर स्वागत किया।
कार्यक्रम के अंत में एक भावुक दृश्य देखने को मिला, जब मंच के नीचे खड़े विकलांग दंपत्ति ने सांसद से मिलने की इच्छा जताई। इस पर चंद्रशेखर आज़ाद तुरंत मंच से उतरकर नंगे पांव दंपत्ति के पास पहुंचे और उनकी पीड़ा सुनी। विकलांग दंपत्ति ने थाना रामपुर क्षेत्र में अपने बेटे की हत्या का मामला बताते हुए हत्यारों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। सांसद ने उन्हें न्याय दिलाने का आश्वासन दिया।







