मुजफ्फरनगर में फर्जी अस्पतालों के खिलाफ किसान मजदूर संयुक्त मोर्चा का हल्ला बोल


शहरी चौपाल ब्यूरो
मुजफ्फरनगर, । जनपद में इलाज के नाम पर हो रही लूट के खिलाफ भारतीय किसान मजदूर संयुक्त मोर्चा ने बिगुल बजा दिया है। मंगलवार को राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी शाह आलम के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ता जिला मुख्यालय पहुंचे और जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने स्वास्थ्य मंत्री को संबोधित ज्ञापन मुख्य चिकित्सा अधिकारी को सौंपते हुए चेतावनी दी कि यदि 15 दिन में ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो यह आंदोलन “जनता बनाम स्वास्थ्य माफिया की जंग” का रूप ले लेगा।
मोर्चा ने ज्ञापन में जिला अस्पताल और महिला चिकित्सालय में हो रही अनियमितताओं पर तत्काल रोक लगाने, हड्डी रोग और हृदय रोग विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति, प्राइवेट अस्पतालों और अल्ट्रासाउंड सेंटरों की जांच, बिना पंजीकरण वाले अस्पतालों को सील करने और हेल्पलाइन व शिकायत केंद्र की स्थापना जैसी मांगें रखीं।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि अस्पतालों में गरीबों की दवाइयां तक चुरा ली जाती हैं और लापरवाही से मौत होने पर दबंगई से समझौते कराए जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जिले में करीब 200 अल्ट्रासाउंड सेंटर बिना पंजीकरण के चल रहे हैं लेकिन कार्रवाई महज खानापूर्ति तक सीमित है।
मोर्चा ने साफ कर दिया कि यदि उनकी मांगों पर सुनवाई नहीं हुई तो मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय का घेराव किया जाएगा। चौधरी शाह आलम का आंदोलन अब सोशल मीडिया पर भी जोर पकड़ रहा है, जिससे यह आवाज और बुलंद होती जा रही है।







