आईआईए उद्योग एवं सेवा रत्न अवार्ड्स-2026 का प्रथम संस्करण 24 जनवरी को होगा: गौरव चोपड़ा


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन चैप्टर चेयरमैन गौरव चोपड़ा आईआईए उद्योग एवं सेवा रत्न अवार्ड्सदृ2026 (प्रथम संस्करण) के आयोजन किया जायेगा। प्रताप मार्केट स्थित आईआईए सभागार में चैप्टर चेयरमैन गौरव चोपड़ा ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए बताया कि भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी राष्ट्रीय परिकल्पना विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश 2047 को साकार करने की दिशा में आईआईए निरंतर सक्रिय भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 तक भारत को 5 ट्रिलियन डॉलर तथा वर्ष 2029-30 तक उत्तर प्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने में उद्योग, व्यापार, एमएसएमई, स्टार्टअप्स एवं सेवा क्षेत्र की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि तीन शक्तिपीठों की पावन धरती सहारनपुर से आईआईए द्वारा आईआईए उद्योग एवं सेवा रत्न अवार्ड्स (प्रथम संस्करण) की ऐतिहासिक शुरुआत की जा रही है। यह भव्य आयोजन उत्तर प्रदेश दिवस के अवसर पर 24 जनवरी को आईआईए की जनरल बॉडी मीटिंग एवं प्रेसिडेंट्स ऑफिशियल विजिट के अंतर्गत आयोजित किया जाएगा। पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष रामजी सुनेजा ने कहा कि यह आयोजन माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी की सोच के अनुरूप एक जनपद-एक व्यंजन जैसी योजनाओं की भावना को सशक्त करेगा, जिससे स्थानीय उद्यमिता, खाद्य उद्योग एवं एमएसएमई क्षेत्र को नया प्रोत्साहन मिलेगा। पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रमोद मिगलानी ने बताया कि इस अवसर पर उद्योग एवं सेवा क्षेत्र में उत्कृष्ट, नवाचारपूर्ण एवं अनुकरणीय योगदान देने वाले उद्यमियों, संस्थानों एवं विशिष्ट व्यक्तित्वों को आईआईए उद्योग एवं सेवा रत्न अवार्ड्सदृ2026 से सम्मानित किया जाएगा। यह अवार्ड आईआईए का सर्वोच्च एवं प्रतिष्ठित सम्मान है। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रमोद सडाना ने कहा कि एमएसएमई क्षेत्र देश की अर्थव्यवस्था में लगभग 30 प्रतिशत का योगदान देता है और इस आयोजन के माध्यम से इस क्षेत्र से जुड़े उद्यमियों एवं सेवा प्रदाताओं के योगदान को सम्मानित कर उन्हें प्रेरणास्रोत के रूप में प्रस्तुत किया जाएगा। प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीईसी सदस्य कृष्ण राजीव सिंघल, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संजीव अरोड़ा, कोषाध्यक्ष सुरेन्द्र मोहन कालरा, पूर्व चेयरमैन अशोक गांधी, संदीप गुप्ता एवं उपाध्यक्ष परमजीत सिंह सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे।







