नगर निगम बोर्ड बैठक में 835 करोड़ 93 लाख का बजट पास, पार्षद मंसूर बदर ने आय-व्यय पर उठाए कड़े सवाल


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। नगर निगम सहारनपुर की बोर्ड बैठक में वित्तीय वर्ष 2025-26 का 835 करोड़ 93 लाख रुपये का पुनरीक्षित बजट पारित किया गया। बैठक में पार्षद एवं कार्यकारिणी सदस्य मंसूर बदर ने निगम की गिरती आय और बढ़ते व्यय पर तीखी बहस करते हुए कई महत्त्वपूर्ण सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि गृहकर और जलकर में 3 वर्षों की दी गई छूट का स्पष्ट विवरण पेश किया जाए तथा कर निर्धारण सूची लागू होने के बाद अनावश्यक पेनल्टी क्यों वसूली जा रही है।
मंसूर बदर ने सवाल किया कि प्रवर्तन दल होते हुए भी एक वर्ष में मात्र 24 हजार रुपये का ही जुर्माना जमा होना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। उन्होंने बताया कि 2 नवंबर से जीआईएस सर्वे का सॉफ्टवेयर बंद है और बिल हाथों से बनाए जा रहे हैं, ऐसे में इनके डाटा की पोस्टिंग कैसे होगी। पार्षद बदर ने यह भी पूछा कि निगम मशीन, मलबा और रोड कटिंग से आय शून्य क्यों दर्शाई गई है, कर्मचारी आवंटित मकानों का किराया शून्य क्यों है, तथा अधिकारियों की वाहनों पर कोई कटौती क्यों नहीं हो रही।
उन्होंने नगर और 32 गांवों में कुत्तों के आतंक से मुक्ति दिलाने की मांग उठाई। उद्यान, विद्युत विभाग, गोशाला और अतिक्रमण शाखा की गाड़ियों में लाखों रुपये के डीज़ल व्यय पर भी उन्होंने सवाल किया कि क्या वाहनों में जीपीएस लगा है, और यदि नहीं तो इसके लिए कौन जिम्मेदार होगा। उन्होंने कहा कि जब शहर में 24 घंटे बिजली उपलब्ध है तो 10 लाख रुपये का कार्यालय डीजल खर्च कैसे हो रहा है।
जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र बनने में आ रही जटिलताओं और एसडीएम स्तर से होने वाली देरी पर भी उन्होंने कड़ी आपत्ति की। पार्षद समीर अंसारी, आसिफ अंसारी और रईस पप्पू ने भी प्रमाणपत्र प्रक्रिया के सरलीकरण और पुराने अनुभवी कर्मचारियों को बनाए रखने की बात कही। पार्षद मयंक गर्ग एवं मुकेश गक्कड़ ने भी निगम की आय में गिरावट पर चिंता जताई।
शीत ऋतु को देखते हुए पार्षद मंसूर बदर ने अलाव, रैनबसेरे और कंबलों से संबंधित प्रस्ताव सदन में प्रस्तुत किए। पार्षद महमूद ने बढ़ते व्यय पर चिंता व्यक्त की।
महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह ने सभी पार्षदों की बातों को ध्यान से सुनते हुए आश्वस्त किया कि सभी को साथ लेकर सहारनपुर को सुंदर और व्यवस्थित बनाया जाएगा। नगर आयुक्त शिपु गिरि ने भी आश्वासन दिया कि सभी वार्डों में आवश्यक कार्य समयबद्ध रूप से कराए जाएंगे। बोर्ड बैठक में सभी पार्षद और अधिकारी उपस्थित रहे।







