पुलिस ने किया अमजद अपहरण व हत्याकांड का खुलासा, दो आरोपी गिरफ्तार
आरोपियों की निशानदेही पर ढमोला नदी से निकाले शव के कटे हुए अवशेष, घटना में प्रयुक्त चाकू भी बरामद


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। थाना कोतवाली देहात पुलिस ने अमजद उर्फ कारू अपहरण और हत्याकांड का बड़ा खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों को पीसीआर रिमांड पर लेकर उनकी निशानदेही पर ढमोला नदी से कटे हुए शव के अवशेष तथा हत्या में प्रयुक्त चाकू बरामद कर कर लिए। परिजनों द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर फरमान, सलीम, रुकसार, शमीम कसाई और अरशद के विरुद्ध अमजद के अपहरण एवं फिरौती मांगने का मुकदमा दर्ज कराया गया था, जिसमें आरोप था कि मृतक को अगवा कर एक लाख रुपये की मांग की गई है तथा फिरौती न देने पर जान से मारने की धमकी दी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी आशीष तिवारी के निर्देश पर पुलिस की टीमें गठित की गई थी। इसी मामले में पुलिस ने 7 नवंबर को तीन अभियुक्तों अरशद, फरमान और रुकसार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था, लेकिन मृतक का शव बरामद नहीं हो सका था। इसके बाद परिजनों एवं किसान संगठनों की मांग पर एसएसपी ने एसआईटी गठित कर शेष नामजद आरोपियों फरमान पुत्र यासीन निवासी शेखपुरा कदीम एवं अरशद पुत्र दिलशाद निवासी नई बस्ती, रामपुर मनिहारन को पीसीआर रिमांड पर लिया। कड़ी पूछताछ में अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि शक के आधार पर, क्योंकि अमजद के उनके परिवार की महिला से प्रेम संबंध होने की आशंका थी, उन्होंने उसकी हत्या कर शव को काटकर बोरे में भरकर ढमोला नदी के जंगल क्षेत्र में 5 किलोमीटर भीतर फेंक दिया था। बाद में फिरौती के रूप में 10 लाख रुपये की मांग भी की गई थी। पुलिस ने मंगलवार को अभियुक्तों की निशानदेही पर नदी से शव व चाकू बरामद कर पोस्टमार्टम हेतु भेज दिया था। क्षेत्राधिकारी मनोज कुमार ने बताया कि 18 दिनों में पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा कर कुल पांच अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। हत्या की वजह प्रेम प्रसंग एवं पैसे का लेन-देन बताया जा रहा है। मृतक के भाई सलमान ने आरोप लगाया कि अमजद को योजनाबद्ध तरीके से अपहरण कर उसकी हत्या की गई है और पूरे परिवार को न्याय चाहिए। क्षेत्राधिकारी मनोज कुमार ने कहा कि मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।







