मायावती ने भरी हुंकार: “2027 में यूपी में बनेगी पांचवीं बार बसपा सरकार”
कांशीराम परिनिर्वाण दिवस पर लखनऊ में महारैली, लाखों कार्यकर्ताओं का जुटान


शहरी चौपाल ब्यूरो
लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने आज पार्टी संस्थापक कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस पर लखनऊ स्थित कांशीराम स्मारक स्थल पर आयोजित महारैली में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। रैली में प्रदेश ही नहीं, बल्कि हरियाणा, पंजाब, महाराष्ट्र और उत्तराखंड सहित कई राज्यों से समर्थक पहुंचे। पूरा रैली स्थल ‘बहनजी’ के नारों से गूंज उठा।
मायावती ने अपने संबोधन में कहा कि इस रैली में किसी को पैसे देकर नहीं बुलाया गया, बल्कि कार्यकर्ता अपनी मेहनत की कमाई से आए हैं। उन्होंने दावा किया कि यह अब तक की सभी रैलियों का रिकॉर्ड तोड़ चुकी है और इससे साफ है कि 2027 में प्रदेश में पांचवीं बार बसपा की पूर्ण बहुमत की सरकार बनेगी।
बसपा सुप्रीमो ने कहा कि पार्टी किसी भी दल से गठबंधन नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि गठबंधन में बसपा का वोट तो दूसरों को मिल जाता है, लेकिन बदले में बसपा को उनका वोट नहीं मिलता। मायावती ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे बूथ स्तर पर छोटी-छोटी सभाएं कर बसपा सरकारों की उपलब्धियां लोगों तक पहुंचाएं।
उन्होंने कहा कि सपा, कांग्रेस और भाजपा ने हमेशा दलितों व पिछड़ों के साथ अन्याय किया है। सपा सरकार ने तो पदोन्नति में आरक्षण का बिल तक फाड़ दिया था। मायावती ने कहा कि बसपा की सरकार आने पर उन सभी कानूनों को समाप्त किया जाएगा जो दलितों और पिछड़ों के खिलाफ हैं।
भाजपा पर निशाना साधते हुए मायावती ने कहा कि 2007 में बसपा की पूर्ण बहुमत की सरकार आने के बाद इन जातिवादी दलों ने षड्यंत्र कर बसपा को केंद्र की सत्ता तक नहीं पहुंचने दिया। ईवीएम की गड़बड़ी के जरिए बसपा को कमजोर किया गया।
उन्होंने कांग्रेस पर भी हमला बोला और कहा कि इमरजेंसी लगाकर कांग्रेस ने बाबा साहेब के संविधान का अपमान किया था, और अब वही लोग संविधान की कापी लेकर नाटकबाजी कर रहे हैं।
मायावती ने इस मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार का आभार भी जताया कि उन्होंने कांशीराम स्मारक के रखरखाव के लिए टिकट से मिली राशि का सही उपयोग किया, जबकि सपा सरकार ने इस राशि को रोक लिया था।
इससे पहले बसपा नेता आकाश आनंद ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि बहनजी कांशीराम जी के मिशन को पूरा करने के लिए पूरी तरह समर्पित हैं। उन्होंने कहा कि बसपा की सरकार में ही दलितों और पिछड़ों को आरक्षण का सही लाभ मिल सकता है।
रैली में आए बिहार के समर्थकों ने बताया कि वे 150 से 200 रुपये चंदा लगाकर लखनऊ पहुंचे हैं ताकि मायावती का संदेश सुन सकें। समर्थकों ने कहा कि चाहे बसपा सत्ता में हो या न हो, वे बहनजी के साथ खड़े रहेंगे।
रैली के दौरान पूरा माहौल “बहनजी तुम संघर्ष करो, हम तुम्हारे साथ हैं” के नारों से गूंजता रहा।







