गांधी पार्क रामलीला में कुम्भकर्ण और मेघनाथ वध लीला का मनोहारी मंचन, दर्शक तालियों से गूंजा पंडाल


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। श्री राधा कृष्ण मंदिर क्लब रामलीला गांधी पार्क में मंगलवार देर रात कुम्भकर्ण और मेघनाथ वध लीला का भव्य मंचन किया गया। दैत्यों का वध होते ही दर्शक उत्साहित होकर तालियों से पंडाल गूंजाते रहे।
लीला का शुभारंभ लक्ष्मण की मूर्छा से स्वस्थ होने के बाद रावण द्वारा अपने भाई कुम्भकर्ण को जगाने से हुआ। इस दृश्य में कलाकारों ने हास्य और भावपूर्ण संवादों से दर्शकों का खूब मनोरंजन किया। रावण की भूमिका में आशु सहगल हमेशा की तरह जमते नजर आए, वहीं वरिष्ठ रंगकर्मी राकेश शर्मा ने कुम्भकर्ण के किरदार को जीवंत कर दिया। कुम्भकर्ण का संवाद—“भाई आपने गलती की है, फिर भी भाई का धर्म है कि संकट में साथ खड़ा हो”—सुनकर दर्शक तालियां बजाने से खुद को रोक न पाए।
युद्ध दृश्य में प्रभु श्रीराम की भूमिका निभा रहे अतुल सचदेवा ने प्रभावी अभिनय से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया और कुम्भकर्ण का वध कर खूब तालियां बटोरीं। इसके बाद मेघनाथ के युद्ध का प्रसंग मंचित हुआ, जिसमें विनय वत्स ने मेघनाथ और कुशाग्र नैब ने लक्ष्मण का दमदार अभिनय कर दर्शकों को बांधे रखा। मेघनाथ के यज्ञ, हनुमान के विघ्न डालने और लक्ष्मण-मोघनाथ के बीच वाकयुद्ध से लेकर मेघनाथ वध तक दर्शक मंत्रमुग्ध रहे।
क्लब अध्यक्ष चौधरी जोगेंद्र कुमार, सरदार गुरमीत सिंह शंटी, सुभाष चावला, विक्रांत सिनी, विकास घई, लवनीश पुरी, नवदींप आनंद, गगन सैनी और गगन भाटिया ने कार्यक्रम की व्यवस्था को संभाला। मंच संचालन रमेश चंद्र छबिला और राकेश वत्स ने किया और पूरे समय दर्शकों को मंच से जोड़े रखा।
रामलीला की इस भव्य लीला का दर्शकों ने देर रात तक आनंद लिया और बुराई पर अच्छाई की जीत के इस दृश्य को यादगार बना दिया।







