सीएम योगी ने चार लाख छात्रों को वितरित की छात्रवृत्ति, बोले– अब स्कॉलरशिप सीधे पहुंच रही खातों में
2017 से अब तक 2 करोड़ से अधिक छात्रों को मिला लाभ, 2025-26 में दोगुनी हुई राशि

शहरी चौपाल ब्यूरो
लखनऊ । आईजीपी में आयोजित छात्रवृत्ति वितरण समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को प्रदेश के चार लाख छात्रों को छात्रवृत्ति वितरित की। उन्होंने कहा कि 2017 से पहले छात्रवृत्ति तो दी जाती थी, लेकिन छात्रों के खाते तक नहीं पहुंच पाती थी। हमारी सरकार ने इस व्यवस्था को पारदर्शी बनाया है और आज डीबीटी के जरिए सीधे छात्रों के खातों में पैसा भेजा जा रहा है।
सीएम योगी ने कहा कि वर्ष 2017-18 में 1,648 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति दी जाती थी, जबकि 2025-26 में यह बढ़कर 3,124 करोड़ 45 लाख रुपये हो गई है। यह छात्रवृत्ति पिछड़े वर्ग, अनुसूचित जाति-जनजाति, सामान्य वर्ग और अल्पसंख्यक छात्रों को सीधे उनके खातों में भेजी गई है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि अनुसूचित जाति-जनजाति के करीब पांच लाख छात्र जिनका डाटा संस्थानों द्वारा अपलोड न होने के कारण छात्रवृत्ति से वंचित रह गया था, उन्हें दीपावली से पहले राशि उपलब्ध करा दी जाएगी। साथ ही जिम्मेदार संस्थानों पर जवाबदेही तय की जाएगी।
उन्होंने कहा कि 2017 से 2025 तक प्रदेश के 2 करोड़ 7 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को 13,500 करोड़ से अधिक की छात्रवृत्ति दी गई है। हर छात्र को स्कॉलरशिप का लाभ मिले, इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘वन नेशन वन स्कॉलरशिप’ की व्यवस्था लागू की है।
सीएम योगी ने कहा कि शिक्षा किसी भी देश की प्रगति का पैमाना है। सरकार ने छात्रवृत्ति को तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जोड़कर और अधिक पारदर्शी बनाया है। साथ ही गरीब और वंचित छात्रों की पढ़ाई के लिए आवासीय विद्यालय, कस्तूरबा गांधी विद्यालयों का विस्तार, यूनिफॉर्म, जूते-मोजे और स्वेटर की व्यवस्था भी की जा रही है।
कार्यक्रम में मंत्री नरेंद्र कश्यप, असीम अरुण, दानिश आजाद अंसारी, संजीव गौड़, अनुसूचित जाति-जनजाति आयोग के अध्यक्ष बैजनाथ रावत, मेयर सुषमा खर्कवाल, सांसद बृजलाल और कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।








