दूसरे नवरात्र पर श्रद्धालुओं ने की मां ब्रह्मचारिणी की पूजा-अर्चना
आत्मिक बल एवं ब्रह्म तेज प्रदान करती हैं मां ब्रह्मचारिणी: कालेंद्रानंद


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। आज द्वितीय नवरात्र पर श्रद्धालुओं ने मां ब्रह्मचारिणी की पूजा-अर्चना की तथा हिंदू धर्मावलम्बियों ने मां के दूसरे स्वरूप का व्रत रखकर अपने घर-परिवार में सुख-समृद्धि की कामना की। महानगर सहित जनपद के सभी मंदिरों में प्रातःकाल से ही पूजा-अर्चना करने वाले श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही। उधर राधा विहार स्थित महाशक्ति पीठ वैष्णवी महाकाली मंदिर में शारदीय नवरात्र पूजा में मां ब्रह्मचारिणी की पूजा-अर्चना की गई। मां भगवती की अष्टधातु मूर्ति का पंचामृत से महा स्नान किया गया और दुर्गा सहस्त्रनाम स्त्रोत से मां भगवती का अभिषेक किया गया मां भगवती का श्रंगार कर भोग अर्पण किया गया और आरती उतारी गई। इस अवसर पर स्वामी कालेंद्रानंद महाराज ने कहा कि मां ब्रह्मचारिणी आत्मिक बल एवं ब्रह्म तेज प्रदान करती है। उन्होंने ने कहा कि मां पार्वती शिव प्राप्ति के लिए कठोर तप करती हैं। यही अवस्था ब्रह्मचारिणी रूप कहलाता है जिसमें मां के एक हाथ में माला दूसरे हाथ में कमंडल है और मां भगवती का वेश सन्यासिनी भक्ति जैसा है। महाराज श्री ने कहा कि मां आदिशक्ति ब्रह्मचारिणी ही जीवन को संतुलन प्रदान करती है। इस अवसर पर रमेश चंद्र शर्मा, राजेंद्र धीमान, सागर गुप्ता, शुभम काम्बोज, अश्विनी काम्बोज, बबीता, सुचेता, राजबाला, कमला, करुणा, रेखा, सीमा आदि श्रद्धालु मौजूद रहे।







