केंद्रीय बजट विकसित भारत की दिशा में मजबूत कदम: विधायक राजीव गुंबर
मोरगंज बाजार में चैपाल के दौरान बजट की विशेषताओं पर चर्चा, करदाताओं और राज्यों के हित में बताए महत्वपूर्ण प्रावधान


शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। नगर विधायक राजीव गुम्बर ने कहा कि केंद्रीय बजट विकसित भारत के निर्माण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में केंद्र सरकार ने भारत की आर्थिक यात्रा को स्थिरता, राजकोषीय अनुशासन, सतत विकास और नियंत्रित मुद्रास्फीति के मार्ग पर आगे बढ़ाया है। मोरगंज बाजार में केंद्रीय बजट पर आयोजित चैपाल को संबोधित करते हुए विधायक राजीव गुम्बर ने कहा कि जहां पूर्ववर्ती सरकारों के समय भारत को ‘फ्रेजाइल फाइव’ में गिना जाता था और एनपीए गंभीर चुनौती बने हुए थे, वहीं वर्तमान सरकार के नेतृत्व में देश ने लगभग 7 प्रतिशत की उच्च विकास दर हासिल की है और गरीबी में कमी की दिशा में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। उन्होंने बताया कि सरकार ने सामाजिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए राजकोषीय प्रतिबद्धताओं का पालन किया है। बजट अनुमान 2026-27 में ऋण-से-जीडीपी अनुपात 55.6 प्रतिशत रखा गया है, जिसे 2030-31 तक 50 प्रतिशत के लक्ष्य तक लाने का प्रयास किया जा रहा है। साथ ही राजकोषीय घाटा जीडीपी का 4.3 प्रतिशत निर्धारित किया गया है, जिससे वित्तीय अनुशासन मजबूत होगा। भाजपा महानगर अध्यक्ष शीतल विश्नोई ने कहा कि 16वें वित्त आयोग की 41 प्रतिशत कर वितरण की संस्तुति स्वीकार करते हुए राज्यों को घ्1.4 लाख करोड़ का अनुदान देने का प्रावधान किया गया है, जिससे राज्यों को विकास कार्यों में मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने करदाताओं के विश्वास को मजबूत करने के लिए आयकर प्रणाली को सरल बनाने के कदम उठाए हैं। नए कर ढांचे और संशोधित आयकर विवरणी प्रपत्र से अनुपालन आसान होगा। उन्होंने बताया कि छोटे करदाताओं और पेशेवरों के लिए विदेशी संपत्ति प्रकटीकरण योजना लाई गई है तथा शिक्षा और चिकित्सा के लिए उदारीकृत प्रेषण योजना के तहत टीसीएस दर 5 प्रतिशत से घटाकर 2 प्रतिशत करने का प्रस्ताव है। गंभीर रोगों से पीड़ित मरीजों को राहत देने के लिए 17 दवाओं पर सीमा शुल्क से छूट तथा दुर्लभ रोगों की दवाओं के आयात पर शुल्क में राहत का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा कर विवादों को कम करने के लिए अपील की अग्रिम जमा राशि 20 प्रतिशत से घटाकर 10 प्रतिशत करने और छोटे मामलों को अपराधमुक्त करने का प्रस्ताव है। चैपाल को शैलेन्द्र भूषण गुप्ता, अनित गर्ग, पवन गोयल, अनुराग मलिक, सचिन गुप्ता, दिनेश जैन, हर्ष डाबर, अश्वनी अरोड़ा, केतन विरमानी, गुलशन कपूर, सुशील गुप्ता, विपिन अग्रवाल, नवीन गुप्ता, शेखर ठकराल और माई दयाल सिंह सहित अनेक व्यापारी नेताओं ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम में भारी संख्या में व्यापारी एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे।


















